पिछले कई वर्षों में देश का किसान, सरकार की गलत नीतियों को झेल रहा था। डीजल, खाद, बीज, पानी, बिजली आदि सभी कृषि आदानों के दाम कई गुना हो चुके थे। इसके बावजूद किसानों को उनकी उपज का सही मूल्य देने की सरकार के पास कोई योजना नहीं थी। इसी कारण लगभग तीन लाख किसान आत्महत्या करने को बाध्य हुए..